चालान काटने पर पिता-पुत्र ने छुए दारोगा के पैर, यूपी सरकार बोली-बेवजह न रोकें वाहन

यूपी के यातायात निदेशालय ने अहम सर्कुलर जारी किया है, जिसमें कहा गया है कि, केवल कागजात चेक करने के लिए वाहनों को न रोका जाए.

  • TV9.com
  • Publish Date - 5:10 pm, Fri, 13 September 19

नए मोटर व्हीकल एक्ट के लागू होने के बाद से चालान से जुड़े कई मामले सामने आ रहे हैं. हाल ही में एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमे वाहन चेकिंग के दौरान पिता और पुत्र दारोगा के पैर छूते नजर आ रहे हैं.

ये मामला बदायूं के सिविल लाइन थाना क्षेत्र के इन्द्रचौक का है जहां, 2016 से पुरानी गाड़ी का डाटा एप में न होने की वजह से पुलिस ने एक शख्स का पेपर में चालान काट दिया. इसके चलते शख्स और उसके पिता ने E चालान करने की गुजारिश की.

रोडवेज पुलिस चौकी में तैनात दारोगा का नाम रुकुपाल बताया जा रहा है. खबरों के मुताबिक पिता और पुत्र ने चालान को लेकर दारोगा के पैर छू लिए लेकिन अधिकारियों ने इस मामले का संज्ञान नहीं लिया.

बता दें कि यूपी के यातायात निदेशालय ने अहम सर्कुलर जारी किया है, जिसमें कहा गया है कि, केवल कागजात चेक करने के लिए वाहनों को न रोका जाए. प्रत्यक्ष रूप से ट्रैफिक नियमों जैसे बिना हेलमेट, सीट बेल्ट
यातायात नियमों और संकेतों को तोड़ने वालों के कागजात चेक किए जा सकते हैं. बावजूद इसके इस तरह से चालान काटे जाने के मामले सामने आ रहे हैं.

गौरतलब है कि एक सिंतबर से मोटर व्हीकल एक्ट नए बदलाव के साथ पूरे देश में लागू किया गया था. ऐसे कई अपराध हैं जिनके लिए जुर्माने की रकम बढ़ा दी गई है. बिना लाइसेंस के गाड़ी चलाने पर पहले पांच सौ रुपये तक जुर्माना था. यह अब 5000 रुपये होगा. ओवरस्पीडिंग के लिए पहले चार सौ रुपये तक जुर्माना था, अब यह हल्के वाहनों के लिए एक से दो हजार रुपये होगा जबकि मध्यम और भारी वाहनों के लिए दो हजार से चार हजार रुपये.

खतरनाक ड्राइविंग में पहली बार पकड़े जाने पर छह महीने तक की सजा और एक हजार तक का जुर्माना होता था. इसे अब बढ़ाकर छह महीने से एक साल तक की सजा और एक हजार से पांच हजार रुपये तक का जुर्माना कर दिया गया है.

ये भी पढ़ें- ‘पुलिस में हूं इसलिए कोई लड़की नहीं मिल रही’, शादी न होने से परेशान कांस्‍टेबल का इस्‍तीफा