छापेमारी में गई शख्स की जान, परिजनों के हंगामे के बाद आठ पुलिसकर्मी लाइन हाजिर

प्रतापगढ़ (Pratapgarh) में पुलिस की छापेमारी के एक घंटे बाद एक वृद्ध की मौत हो गई. मृतक के परिजनों ने पुलिस (Police) के बर्ताव को मौत का कारण बताते हुए पुलिसकर्मियों पर आरोप लगाया है.

  • TV9 Digital
  • Publish Date - 5:51 pm, Tue, 22 September 20

उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के प्रतापगढ़ (Pratapgarh) जिले में पुलिस छापेमारी के एक घंटे बाद एक वृद्ध की मौत हो गई. मृतक के परिजनों के आरोप के बाद छापेमारी में शामिल आठ पुलिसकर्मियों की एक टीम को लाइनहाजिर कर दिया गया.

न्यूज एजेंसी आईएएनएस की खबर के मुताबिक पूरा मामला प्रतापगढ़ जिले के सांगीपुर पुलिस स्टेशन का है. पुलिस स्टेशन में तैनात एक सब-इंस्पेक्टर सहित आठ पुलिसकर्मी लाइन हाजिर किए गए हैं.

छापेमारी के बाद हुआ हादसा

प्रयागराज रेंज के आईजी के. पी. सिंह ने बताया कि सांगीपुर पुलिस स्टेशन के एक कार्यवाहक थाना प्रभारी और सब-इंस्पेक्टर के नेतृत्व में आठ पुलिसकर्मियों की एक टीम ने लालगंज पुलिस स्टेशन इलाके के करीब बाबुतारा माजरा गांव में एक आरोपी की तलाश में एक घर पर छापा मारा था.

उन्होंने बताया कि शनिवार रात को छापेमारी के एक घंटे बाद परिवार के एक 65 वर्षीय बुजुर्ग की मौत हो गई. मृतक मकबूल के परिजन रविवार को वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के पास शिकायत दर्ज कराने पहुंचे कि पुलिस के बर्ताव और छानबीन करने के रवैये की वजह से ही वृद्ध की मौत हुई है.

अंतिम संस्कार से किया इन्कार

पुलिस अधिकारी ने बताया, ‘घटना की जांच का आदेश दिया गया है और पुलिसकर्मियों को लाइनों में भेजा गया है ताकि जांच पर असर न पड़े.’ हालांकि प्रतापगढ़ पुलिस का कहना है कि पुलिस को देखकर वो बूढ़ा आदमी खुद ही घर से भाग खड़ा हुआ था.

परिवार ने पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए सोमवार को मृतक का अंतिम संस्कार करने से इन्कार कर दिया था. मामले में छानबीन के आदेश दिए जाने और पुलिसकर्मियों को लाइनहाजिर किए जाने की बात पर वो राजी हुए. सोमवार शाम कड़ी सुरक्षा के बीच मृतक का अंतिम संस्कार किया गया.