भारतीय मूल के डॉक्‍टर ने अमेरिका में हासिल किया ऐतिहासिक मुकाम

क्लीवलैंड क्लिनिक में कार्डियोवस्कुलर हार्ट डिजीज का डिपार्टमेंट हेड बनाए जाने के बाद डॉ. समीर बहुत खुश हैं.

नई दिल्ली: भारतीय मूल के एक डॉक्टर को क्लीवलैंड क्लिनिक में कार्डियोवस्कुलर हार्ट डिजीज का डिपार्टमेंट हेड बनाया गया है. क्लीवलैंड क्लिनिक दुनिया का सबसे बेस्ट अस्पताल है और 1995 से अमेरिका का नंबर एक कार्डियो अस्पताल है.

डॉक्टर समीर कपाड़िया ने अमेरिका के सबसे प्रतिष्ठित अस्पताल में डिपार्टमेंट हेड बनकर इतिहास रच दिया है, क्योंकि यह पहली बार है जब किसी भारतीय ने यह बड़ा मुकाम हासिल किया है. गुजरात के अहमदाबाद स्थित श्रीमती नतिभा हरगोवनदास लखीमचंद म्यूनिसिपल मेडिकल कॉलेज गुजरात से मेडिकल की पढ़ाई करने वाले डॉक्टर समीर कपाड़िया ने साल 2003 में इंटरवेशनल कार्डियोलॉजिस्ट के तौर पर क्लीवलैंड क्लिनिक ज्वाइन किया था.

क्लीवलैंड क्लिनिक में कार्डियोवस्कुलर हार्ट डिजीज का डिपार्टमेंट हेड बनाए जाने के बाद डॉ. समीर बहुत खुश हैं. हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, इस पर बात करते हुए डॉ. समीर ने कहा, “मैं बहुत खुश हूं कि मुझे क्लीवलैंड क्लिनिक में दुनिया की बेस्ट कार्डियोलॉजिस्ट टीम का नेतृत्व करने का मौका मिला है. मैं आशा करता हूं कि मैं एक उदाहरण, इनोवेटिव और सम्मान के साथ नेतृत्व कर सकूं.”

डॉ. समीर ने डॉ. स्टीवन निस्सेन की जगह ली है, जो कि साल 2006 से डिपार्टमेंट हेड बने हुए थे. डॉ. कपाड़िया को कई न्यूमरस क्लिनिक में अपने बेहतरीन काम के लिए जाना जाता है, जिनमें हालिया परीक्षण गंभीर लॉ-रिस्क मरीजों में टीएवीआर में प्रभावशीलता और हार्ट फेल मरीजों में ट्रांसकैथेटर माइट्रल-वाल्व रिपेयर शामिल हैं.

वहीं किसी भारतीय के यूएस के सबसे प्रतिष्ठित अस्पताल में डिपार्टमेंट हेड बनने को लेकर अन्य डॉक्टर काफी खुश हैं. इस पर बात करते हुए पोस्ट ग्रेजुऐट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एडुकेशन एंड रिसर्च, चंडीगढ़ के पूर्व डायरेक्टर डॉ. केके तलवार ने कहा, “यह बहुत ही गर्व की बात है कि किसी भारतीय को यूएस में कार्डियोलॉजी प्रोग्राम के लिए टॉप जगह दी गई है.”