BSP संस्थापक कांशीराम की जयंती पर चंद्रशेखर ने लॉन्च की ‘आजाद समाज पार्टी’

आमतौर पर नई पार्टी के गठन का ऐलान विशाल जनसभाओं, रैलियों और शानदार कार्यक्रमों के साथ किया जाता है. लेकिन कोरोनावायरस (Coronavirus) के कहर के चलते आजाद समाज पार्टी (ASP) को ये सौभाग्य प्राप्त नहीं हुआ.

Coronavirus की वजह से भीम आर्मी को झटका, नहीं मिली कार्यक्रम करने की इजाजत

भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर आजाद रविवार को सेक्टर 70 स्थित नोएडा (Noida) के बसई गांव में अपनी नई पार्टी के नाम का ऐलान करने वाले हैं, लेकिन कोरोना वायरस (Coronavirus) के चलते पुलिस ने इस कार्यक्रम की इजाजत नहीं दी.

भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर की नई पार्टी से किसके पैरों तले खिसकेगी ज़मीन, क्या बदलेंगे सियासी समीकरण?

यूपी में विधानसभा का चुनाव 2022 में होनेवाला है. इससे दो साल पहले चंद्रशेखर के सक्रिय राजनीति में आने की बात ने प्रदेश की राजनीति के दिग्गजों का ध्यान खींचा है.

प्रमोशन में आरक्षण पर भीम आर्मी का भारत बंद आज, छिटपुट दिख रहा है असर

इस बीच भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर आजाद ने ट्वीट कर कहा कि ऐतिहासिक भारत बंद की शुरुआत जाफराबाद सीलमपुर दिल्ली से कर दी गई है दिल्ली के साथी जाफराबाद पहुंचे. आज संवैधानिक दायरे में रहते हुए पूरा भारत बंद किया जाएगा. भाजपा सरकार को बहुजनों की ताकत का एहसास करवाया...

भीम आर्मी ने रविवार को बुलाया भारत बंद, चंद्रशेखर आजाद बोले- ‘RSS हेडक्वार्टर के सामने फहराएंगे तिरंगा’

चंद्रशेखर आजाद ने नागरिकता कानून की बात करते हुए कहा कि हमें अपने देश के मुसलमानों का शुक्रिया अदा करना चाहिए, क्योंकि तीन तलाक, बाबरी मस्जिद जैसे मुद्दों पर वे कभी सड़क पर नहीं आए.

नागौर कांड : हनुमान बेनीवाल के तीन विधायकों ने दिया धरना, भीम आर्मी ने 23 फरवरी को बुलाया राजस्थान बंद

गुरुवार को राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) के तीन विधायकों ने विधानसभा के बाहर धरना देकर घटना की निंदा की और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की. वहीं भीम आर्मी चीफ ने 23 फरवरी को पूरा राजस्थान बंद करने का ऐलान किया है.

दिल्‍ली छोड़ने की डेडलाइन खत्‍म होने से पहले जामा मस्जिद पहुंचे भीम आर्मी चीफ, पढ़ी संविधान की प्रस्‍तावना

जामा मस्जिद में नागरिकता संशोधन कानून (CAA) और नेशनल रजिस्‍टर ऑफ सिटिजंस (NRC) के खिलाफ प्रोटेस्‍ट चल रहा है.

दिन भर पुलिस को चकमा देने के बाद देर रात हिरासत में लिए गए भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर

हिरासत में लिए जाने से पहले चंद्रशेखर ने लोगों से अपील की थी कि चाहे कुछ भी हो जाए ये आंदोलन रुकना नहीं चाहिए.

CAA विरोध प्रदर्शन में पहुंचे भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर, फिर अचानक हो गए गायब

चंद्रशेखर के जामा मस्जिद से गायब होने के बाद यह अफवाहें फैल गई कि चंद्रशेखर को पुलिस ने हिरासत में लिया है, लेकिन वह भारी भीड़ का फायदा उठाते हुए पुलिस को चकमा देने में कामयाब रहे.

CAA-NRC के खिलाफ दिल्ली पुलिस ने नहीं करने दिया मार्च, भीम आर्मी चीफ हिरासत में

नॉर्थ ईस्‍ट दिल्‍ली में पुलिस पांच ड्रोन कैमरों से नजर रख रही है. यहां के 14 थानों में से 12 में धारा 144 लागू है. पुलिस फ्लैग मार्च निकाल रही है और सोशल मीडिया अकाउंट्स पर नजर बनाए हुए है.

संत रविदास का मंदिर गिराए जाने के विरोध में तुगलकाबाद में हिंसा, भीम आर्मी चीफ आजाद समेत 90 गिरफ्तार

दक्षिण-पूर्वी दिल्ली के तुगलकाबाद और उसके आसपास के इलाकों में लोग अतिक्रमण से काफी परेशान थे.

भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर ने पहली बार मायावती पर बोला हमला

मायावती चंद्रशेखर की हमेशा आलोचना करती रही हैं. उन्होंने चंद्रशेखर को बीजेपी की बी टीम तक कहा लेकिन, ऐसा पहली बार है जब भीम आर्मी प्रमुख ने बीएसपी अध्यक्ष पर हमला बोला है.

प्रज्ञा ठाकुर का ‘मुंह काला’ करने वाले बयान पर भीम आर्मी चीफ गिरफ्तार

बीजेपी उम्मीदवार प्रज्ञा ठाकुर ने पिछले दिनों मुंबई आतंकी हमलों में शहीद होने वाले आईपीएस हेमंत करकरे के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी की थी.

‘मोदी हत्‍यारे हैं, नहीं लड़ूंगा वाराणसी से चुनाव’

चंद्रशेखर आजाद ने कांग्रेस को समर्थन से साफ इनकार कर दिया है, लेकिन आम आदमी पार्टी को समर्थन पर बड़ा बयान दिया है.

मायावती ने खेला मुस्लिम कार्ड, बोलीं- कांग्रेस प्रत्याशी इमरान को न दें वोट

भीम आर्मी के समर्थक भी इस रैली में महागठबंधन को समर्थन देने पहुंच गए हैं. बता दें की चंद्रशेखर आज़ाद इसके संस्थापक हैं और वो भी दलित समाज की बात उठाने का दावा करते हैं. हालांकि मायावती ने सार्वजनिक मंच पर अपने समर्थकों से भीम आर्मी संस्थापक से दूर रहने...

मेरी लड़ाई संवैधानिक संस्थाओं को तबाह करने वाले लोगों के खिलाफ, देखें चंद्रशेखर आजाद का पूरा इंटरव्यू

2014 में लोगों ने पीएम मोदी को बहुत उम्मीद के साथ वोट किया था लेकिन उन्हें पिछले पांच सालों में निराशा हाथ लगी है. हमारी लड़ाई तानाशाह पीएम मोदी के ख़िलाफ़ है और देश में संविधान व्यवस्था मजबूत करने की दिशा में है.