‘कई बार मैंने अकेले ही लड़ाई लड़ी,’ पढ़ें दर्द बयां करती राहुल गांधी की पूरी चिट्ठी

राहुल गांधी ने अपने इस्तीफे में लिखा, "मैं एक कांग्रेसी पैदा हुआ था, यह पार्टी हमेशा मेरे साथ रही है और लहू के हर एक कतरे की तरह मेरे जीवन का अमिट हिस्सा है और हमेशा रहेगी."