60 हजार KM की ‘तीर्थयात्रा’ हुई पूरी, इस शख्‍स ने पुलवामा पहुंचाई सभी 40 शहीदों के घरों की मिट्टी

उमेश गोपीनाथ जाधव अजमेर में एक संगीत समारोह के बाद बेंगलुरु लौट रहे थे. उन्होंने जयपुर हवाई अड्डे के टीवी स्क्रीन पर इस खबर को देखा. इस भयावह दृश्य को देखकर उन्होंने शोक संतप्त परिवारों के लिए कुछ करने का फैसला किया.