इजरायली स्पाईवेयर कंपनी ने फेसबुक पर किया मुकदमा, मनमाने ढंग से डीएक्टिवेट किए गए अकाउंट

आरोप है कि फेसबुक ने मनमाने ढंग से और यूजर को सूचित किए बिना उनके अकाउंट ब्लॉक कर अपने एग्रीमेंट का उल्लंघन किया है.

लोगों की जासूसी करने में सरकार की मदद करने वाले विवादित पेजासुस सॉफ्टवेयर बेचने वाली इजरायल की स्पाईवेयर कंपनी NSO ग्रुप के आठ कर्मियों ने फेसबुक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उससे अपने फेसबुक और इंस्टाग्राम अकाउंट अनब्लॉक करने की मांग की है.

हारेत्ज की बुधवार की रिपोर्ट के अनुसार, शिकायतकर्ताओं ने तेल अवीव कोर्ट से फेसबुक को अदालत में मामले का समाधान आने तक उनके अकाउंट अनब्लॉक करने का आदेश देने का आग्रह किया है.

उन्होंने आरोप लगाया कि फेसबुक ने मनमाने ढंग से और उन्हें सूचित किए बिना उनके अकाउंट ब्लॉक कर अपने एग्रीमेंट का उल्लंघन किया है. फेसबुक ने एक बयान में कहा कि NSO ग्रुप और उसके कर्मियों को साइबर हमले के लिए जिम्मेदार मानते हुए कनेक्टेड अकाउंट्स डीएक्टिवेट कर दिए.

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गौरतलब है कि फेसबुक ने अपने क्लाइंट्स को भारत समेत विभिन्न स्थानों के पत्रकारों, राजनयिकों और सिविल सोसाइटी के सदस्यों समेत कुल 1,400 वाट्सएप यूजर्स की जासूसी करने की सुविधा देने के लिए अक्टूबर में NSO ग्रुप पर मुकदमा किया था.

दरअसल फेसबुक के स्वामित्व वाले WhatsApp ने गुरुवार को पुष्टि की कि इजरायल की साइबर खुफिया कंपनी NSO ग्रुप की ओर से Pegasus नाम के spyware का इस्‍तेमाल कर भारतीय मानवाधिकार कार्यकर्ता और पत्रकारों को टारगेट कर उनकी जासूसी की गई. WhatsApp ने इस सप्ताह इजरायल की साइबर खुफिया कंपनी NSO ग्रुप पर मुकदमा दायर किया है. सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ने आरोप लगाया है कि इसने वैश्विक स्तर पर 1,400 सलेक्टेड यूजर्स की जासूसी की है.