VIDEO: ‘मैं अपनी तरफ से प्रोटोकॉल नहीं तोड़ सकता’ मुजफ्फरपुर जाने पर बोले मंत्री अश्विनी चौबे

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन रविवार को बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के SKMCH अस्पताल का दौरा करने पहुंचे. अस्पताल में डॉ हर्षवर्धन की मौजूदगी में ही एक बच्ची ने दम तोड़ दिया.

पटना: बिहार के मुजफ्फरपुर में चमकी बुखार से लगातार हो रही बच्चों की मौत के बाद केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ हर्षवर्धन रविवार को SKMCH अस्पताल पहुंचे. इस दौरान उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस की उनके साथ केंद्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री अश्विनी चौबे भी साथ थे. इस दौरान टीवी9 भारतवर्ष के सवालों पर केंद्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री अश्विनी चौबे ने प्रतिक्रिया दी.

टीवी9 भारतवर्ष के कंसल्टिंग एडिटर अजीत अंजुम ने सवाल किया  15 दिनों से मौत हो रही है. आज मुजफ्फरपुर के एक अस्पताल में बड़ी संख्या में मौत हो चुकी है. अश्विनी चौबे बिहार के बक्सर से सांसद हैं और केंद्र में राज्य स्वास्थ्य मंत्री है इस नाते उनको और पहले अस्पताल आना था शायद व्यवस्था कुछ चाक चौबंद होती और कुछ बच्चों की जान बचती.

इस सवाल का जवाब देते हुए केंद्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री अश्विनी चौबे ने कहा कि एक प्रोटोकॉल होता है मैंने अपने सीनियर को बता दिया. उनका इशारा केंद्रीय मंत्री डॉ हर्षवर्धन की ओर था कि सहमति से प्रोग्राम बनता है मैं अपनी तरफ से प्रोटोकॉल नहीं तोड़ सकता.

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन रविवार को बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के SKMCH अस्पताल का दौरा करने पहुंचे थे. अस्पताल में डॉ हर्षवर्धन की मौजूदगी में ही एक बच्ची ने दम तोड़ दिया. इंसेफेलाइटिस से पीड़ित बच्ची SKMCH अस्पताल के आईसीयू में भर्ती थी. बच्ची की आईसीयू में जब जान गई तो उस समय केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री और अन्य मंत्री भी मौजूद थे.

बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में एक्‍यूट इंसेफेलाइटिस सिंड्रोम (AES) या ‘चमकी बुखार’ से अबतक 91 बच्चों की मौत हो चुकी है. मासूम बच्चों की मौतों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है. वहीं, राज्य के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मृतक बच्चों के परिजनों के लिए चार लाख रुपये मुआवजा देने की घोषणा की है.

ये भी पढ़ें- SKMC अस्पताल में हर घंटे 1 बच्चे की मौत, शव के लिए भी परिजनों को करनी पड़ रही मशक्कत

ये भी पढ़ें-     स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन की मौजूदगी में बच्ची की मौत, मुजफ्फरपुर में इंसेफेलाइटिस से 91 की गई जान

मुजफ्फरपुर में AES से 90 बच्चों की मौत: मासूमों को मिले सही इलाज, जारी है टीवी9 भारतवर्ष की मुहिम

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *