पहले दो बार किया नजरंदाज फिर SCO में हुई PM मोदी-इमरान खान की मुलाकात

इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बिश्केक में पाकिस्तान के पीएम से किसी भी तरह की मुलाकात नहीं थी. गुरुवार को डिनर के दौरान दोनों नेता एक ही मेज पर सिर्फ चार कुर्सियों के फासले पर बैठे थे. लेकिन दोनों के बीच कोई मुलाकात नहीं हुई थी.

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पाकिस्तान के PM इमरान खान के बीच शंघाई सहयोग सम्मेलन (SCO) के दौरान शुक्रवार शाम मुलाकात हुई. न्यूज एजेंसी के मुताबिक लीडर्स लाउंज के दौरान दोनों ने एक-दूसरे का हालचाल पूछा. हालांकि, इससे पहले दोनों नेता दो बार आमने-सामने आए, पर मोदी ने इमरान को नजरअंदाज कर दिया.

न्यूज एजेंसी के मुताबिक दोनों नेताओं में कुछ देर के लिए भेंट हुई है. सूत्रों का कहना है कि PM मोदी और इमरान खान के बीच यह मुलाकात SCO समिट के दौरान लीडर्स लॉन्ज में हुई. हालांकि अब तक भारत की तरफ से इस संबंध में कोई अधिकारिक जानकारी नहीं आई है.

पाक PM इमरान कई बार PM मोदी से बातचीत की अपील कर चुके हैं. वहीं, भारत का कहना है कि जब तक पाक की तरफ से आतंकवाद के खिलाफ कठोर कार्रवाई नहीं होती, तब तक भारत बातचीत नहीं करेगा.

प्रधानमंत्री ने किया नजरअंदाज 

इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बिश्केक में पाकिस्तान के पीएम से किसी भी तरह की मुलाकात नहीं थी. गुरुवार को डिनर के दौरान दोनों नेता एक ही मेज पर सिर्फ चार कुर्सियों के फासले पर बैठे थे. लेकिन दोनों बीच ना मुलाकात हुई थी. आज जब एससीओ से जुड़े देशों के नेता मंच पर फोटो के लिए पहुंचे तो इस दौरान भी दोनों नेताओं ने एक दूसरे को नजरअंदाज कर दिया.

PM  मोदी ने समिट के दौरान अपने भाषण में आतंकवाद के मुद्दे पर बगैर नाम लिए पाकिस्तान को घेरा. उन्होंने कहा कि आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में एकजुटता और आतंक का समर्थन करने वालों को जिम्मेदार ठहराना जरूरी है.

‘आतंक के खिलाफ लड़ाई में सहयोग करना चाहिए’

PM मोदी ने समिट में कहा, ”पिछले दिनों श्रीलंका दौरे पर मुझे आतंकवाद के घिनौने चेहरे का स्मरण हुआ. वह आतंक जो कहीं भी प्रकट होकर मासूमों की जान ले लेता है. इस खतरे से निपटने के लिए सभी मानवतावादी ताकतों को अपने संकीर्ण दायरे से निकलकर एकजुट हो जाना चाहिए. आतंकवाद को समर्थन और वित्त प्रदान करने वाले देशों को जिम्मेदार ठहराना जरूरी है. SCO अधिकारों के तहत सभी देशों को आतंक के खिलाफ लड़ाई में सहयोग करना चाहिए. भारत आतंकवाद से निपटने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का आह्वान करता है.”

”हमारे साझा युग को बेहतर कनेक्टिविटी की जरूरत है, पीपुल कनेक्टिविटी पर भी जोर है. एससीओ देशों के पर्यटकों के लिए भारत जल्द ही हेल्पलाइन जारी करेगा. हमारे लिए शांतिपूर्ण और समृद्ध अफगानिस्तान अहम है. SCO में अफगानिस्तान का रोडमैप तैयार हुआ है. राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को 2020 में एससीओ की अध्यक्षता के लिए बधाई.”

आतंकवाद विरोधी अभियान को मिली बड़ी सफलता

SCO समिट के दौरान भारत के आतंकवाद विरोधी अभियान को बड़ी सफलता मिली है. शंघाई कॉरपोरेशन ऑर्गनाइजेशन (SCO) के सभी सदस्य देशों की तरफ से घोषणापत्र जारी किया गया है, जिसमें आतंकवाद को भी मुद्दा बनाया गया है. भारत की तरफ से बार-बार उठाए जाने वाले सीमा पार आतंकवाद को भी इस घोषणा पत्र में जगह दी गई है.

(Visited 95 times, 1 visits today)

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *