बच्चों के रोने की आवाज सुन पहुंचे पड़ोसी, मनाने पहुंचा दोस्त तो उस पर भी दागी गोली

पड़ोसियों ने बच्‍चों को छोड़ने को कहा तो सुभाष बाथम ने कहा कि पहले विधायक नागेंद्र सिंह राठौर को बुलाओ, उसके बाद बच्‍चों को छोड़ा जाएगा.
Farrukhabad Firing, बच्चों के रोने की आवाज सुन पहुंचे पड़ोसी, मनाने पहुंचा दोस्त तो उस पर भी दागी गोली

उत्‍तर प्रदेश के फर्रुखाबाद में गुरुवार को सिरफिरे ने एकदम फिल्मी स्‍टाइल में 15 से 20 बच्‍चों को बंधक बना लिया. ये खबर करीब साढ़े आठ बजे ब्रेक हुई, लेकिन ऐसा माना जा रहा है कि सिरफिरे ने गुरुवार दोपहर को ढाई से तीन बजे के बीच में बच्‍चों को बंधक बना लिया था. टीवी9भारतवर्ष को मिली जानकारी के मुताबिक, यह मामला फर्रुखाबाद की कोतवाली मोहम्‍मदाबाद का है, जहां करथरिया गांव पड़ता है, यहीं पर सुभाष बाथम नाम के शख्‍स ने इस घटना को अंजाम दिया.

सुभाष बाथम ने मोहल्‍ले के बच्‍चों से कहा कि उसकी बेटी जन्‍मदिन है, इस तरह उसने 15 से 20 बच्‍चों को बुला लिया और इसके बाद दरवाजे बंद कर दिए. बाद में कुछ बच्‍चों के रोने की आवाज आई तो पड़ोस के लोग वहां पहुंचे. इसके बाद पड़ोसियों ने बच्‍चों को छोड़ने को कहा तो सुभाष बाथम ने कहा कि पहले विधायक नागेंद्र सिंह राठौर को बुलाओ, उसके बाद बच्‍चों को छोड़ा जाएगा.

उसकी इस मांग के बाद तुरंत पुलिस-प्रशासन हरकत में आया और विधायक को मौके पर बुलाया गया. विधायक के आने के बाद सुभाष को बताया गया कि विधायक आ गए हैं. सुभाष से संपर्क साधने के लिए गांव के ही एक व्‍यक्ति को बुलाया गया, जो सुभाष के साथ काफी उठता-बैठता था, लेकिन ये ट्रिक काम नहीं आई, क्‍योंकि जैसे वो आदमी खिड़की के पास सुभाष से बात करने आया, उसने गोली चला दी. गोली उस शख्‍स के पैर में लगी.

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