UP में शांतिपूर्ण तरीके से पूरी हुई वोटिंग, 2014 के मुकाबले कम रहा मतदान प्रतिशत

इस बार वर्ष 2014 के मुकाबले 41 प्रतिशत कम मतदान हुआ. इसके साथ ही कुछ जगहों से ईवीएम खराब होने और छिटपुट घटनाओं की खबरें भी आईं.

लखनऊ: लोकसभा चुनाव के छठे चरण में उत्तर प्रदेश की 14 संसदीय सीटों के लिए रविवार को मतदान शांतिपूर्वक सम्पन्न हो गया. प्रदेश की इन सीटों पर शाम छह बजे तक कुल 54.12 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया. सर्वाधिक 58.78 प्रतिशत मतदान अम्बेडकर नगर और सबसे कम 50.58 प्रतिशत मतदान इलाहाबाद में हुआ.

प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी एल. वेंकटेश्वर लू ने कहा, ‘जो मतदाता मतदान केंद्रों पर छह बजे तक पहुंच चुके थे, उन्हें भी वोट देने की अनुमति है. ऐसे में मतदान प्रतिशत लगभग दो प्रतिशत बढ़ सकता है’.

उन्होंने बताया कि पिछले लोकसभा चुनाव में इन 14 सीटों का औसत मतदान 54. 53 प्रतिशत था. उन्होंने बताया कि सूबे में छठे चरण का मतदान शांतिपूर्वक सम्पन्न हुआ.

लू ने कहा, ‘शाम छह बजे तक सुलतानपुर में 54.56 प्रतिशत, प्रतापगढ़ में 53.20, फूलपुर में 51.38, इलाहाबाद में 50.58, अंबेडकरनगर में 58.78, श्रावस्ती में 51.41, डुमरियागंज में 51.80 , बस्ती में 58.00, संत कबीर नगर में 53.30, लालगंज में 55.70, आजमगढ़ में 56.20, जौनपुर में 54.80, मछलीशहर में 53.20 और भदोही में 54.76 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया’.

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि छठे चरण में मतदान के दौरान 90 बैलेट यूनिट और 78 कन्ट्रोल यूनिट समेत 140 वीपीपैट बदले गए. जबकि मॉक पोल के दौरान 147 बैलेट यूनिट, 210 कन्ट्रोल यूनिट तथा 329 वीपीपैट बदले गए.

उन्होंने कहा, ‘समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने आजमगढ़ में ईवीएम खराबी की शिकायत का पूरा संज्ञान लिया गया है. जिला निर्वाचन अधिकारी से पूरी रिपोर्ट मंगाई गई है. मामले की जांच की जा रही है’.

लू ने कहा, ‘सोशल मीडिया पर सुल्तानपुर का एक वीडियो खूब वायरल हो रहा है. यहां एक मतदाता ने वोट करते हुए वीडियो बनाकर अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर लगा दिया जो कि आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन है. मामले की जांच की जा रही है’.

भदोही में भाजपा विधायक दीनानाथ भास्कर द्वारा मतदान केंद्र में पीठासीन अधिकारी को पीटने पर विधायक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई की गई है.

जौनपुर के खुटहन विधानसभा क्षेत्र के अकबरपुर बूथ पर भाजपा के झंडे को लेकर बवाल हो गया. वहां लगा झंडा उतारते समय गिर पड़ा. आरोप है कि एक सिपाही ने उससे जूता साफ कर लिया. इससे कार्यकर्ता झंडे के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए भिड़ गए और उन्होंने सिपाही की पिटाई कर दी. वहां उपस्थित अन्य पुलिस वालों ने बल प्रयोग कर उन्हें खदेड़ दिया.

छठे चरण में 2.57 करोड़ मतदाता 14 लोकसभा सीटों के 177 प्रत्याशियों का राजनीतिक भविष्य तय करने के पात्र थे. इनमें से पुरुष मतदाताओं की संख्या 1,38,80,827 और महिला मतदाताओं की संख्या 1,18,88,925 है. फूलपुर लोकसभा क्षेत्र में सर्वाधिक 20,06,228 मतदाता हैं. जबकि प्रतापगढ़ में सबसे कम 17,05,457 मतदाता हैं.

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि छठे चरण में प्रदेश में कुल 16,998 मतदान केंद्र और 29,076 पोलिंग बूथ बनाए गए थे. इनमें से 4,995 पोलिंग बूथ अति संवेदनशील हैं. मतदान की निगरानी के लिए 2,402 पोलिंग बूथ पर डिजिटल कैमरे, 1,183 पर वीडियो कैमरे लगाये गए थे, जबकि 2,947 बूथों पर वेब कास्टिंग की व्यवस्था की गई थी. मतदान के लिए इलेक्ट्रनिक वोटिंग मशीनों (आरक्षित सहित) की कुल 35,544 बैलट यूनिट व 33,356 कंट्रोल यूनिट और 35,647 वीवीपैट के इंतजाम किए गए थे.

छठे चरण में सूबे में 1,28,550 मतदानकर्मी तैनात किए गए थे. मतदान की निगरानी के लिए 2,068 सेक्टर मजिस्ट्रेट, 262 जोनल मजिस्ट्रेट, 607 स्टैटिक मजिस्ट्रेट लगाए गए थे. इनके अलावा 14 सामान्य प्रेक्षक व इतने ही व्यय प्रेक्षक, आठ पुलिस प्रेक्षक और 73 सहायक व्यय प्रेक्षक इन 14 लोकसभा सीटों पर नजर रखने के लिए तैनात थे. स्वतंत्र, निष्पक्ष व शांतिपूर्ण मतदान के लिए पर्याप्त संख्या में अर्धसैनिक बल व पीएसी के जवान तैनात किए गए थे.

छठे चरण में जिन प्रमुख लोगों की राजनीतिक किस्मत ईवीएम में कैद हुई है, उनमें प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार में कैबिनेट मंत्री रीता बहुगुणा जोशी, मुकुट बिहारी वर्मा, जगदम्बिका पाल, रमाकांत यादव और डॉ़ संजय सिंह जैसे दिग्गज शामिल हैं. आजमगढ़ सीट को छोड़ कर बाकी सभी सीटों पर 2014 के चुनाव में भाजपा या उसके सहयोगी दल (अपना दल) ने जीत हासिल की थी.