हजारा समुदाय को निशाना बनाकर पाकिस्तान के क्वेटा में IED विस्फोट, 16 की मौत

इस मामले पर पुलिस का कहना है कि अभी मृतकों की संख्या बढ़ सकती है, क्योंकि कई घायलों की हालत बहुत गंभीर है.

इस्लामाबाद: पाकिस्तान के क्वेटा शहर में शुक्रवार को एक जोरदार विस्फोट किया गया, जिसमें 16 लोगों की मौत हो गई. ऐसी खबरें सामने आई हैं कि यह विस्फोट हजारा समुदाय के लोगों को निशाना बनाकर किया गया था. इस हादसे में कई लोग घायल भी हुए हैं.

पुलिस उप महानिरीक्षक (डीआईजी) अब्दुल रज्जाक चीमा ने मृतकों की संख्या की पुष्टि की. वहीं मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक मृतकों में सात लोग हजारा समुदाय से ताल्लुक रखते थे और इस विस्फोट के पीछे आरोपियों का मकसद इन्हीं लोगों को सांप्रदायिक हिंसा का निशाना बनाना था. इन लोगों को अपनी विशिष्ट शारीरिक बनावट के कारण आसानी से पहचाने जा सकता है.

इस मामले पर पुलिस का कहना है कि अभी मृतकों की संख्या बढ़ सकती है, क्योंकि कई घायलों की हालत बहुत गंभीर है. डॉन की रिपोर्ट के अनुसार, डीआईजी चीमा ने बताया कि “यह विस्फोट हजारगंजी मार्केट में एक दुकान के बाहर हुआ था. आईईडी एक आलू के बोरे में रखा गया था. फिलहाल इस बारे में हमारे विशेषज्ञ पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि इसके लिए समय निर्धारित किया गया था या इसे किसी रिमोट से कंट्रोल किया जा रहा था.”

वहीं बलूचिस्तान के मुख्यमंत्री जाम कमाल ने इस हमले की कड़ी निंदा की और आश्वासन दिया कि हमले में शामिल तत्वों से सख्ती से निपटा जाएगा. जाम कमाल ने कहा, “जिन लोगों की चरमपंथी मानसिकता है, वे समाज के लिए एक खतरा हैं. हमें शांति को बाधित करने वालों की साजिश को जरूर नाकाम करना चाहिए.”

बता दें कि राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग की ओर से पिछले साल एक रिपोर्ट जारी की गई थी, जिसमें कहा गया था कि जनवरी, 2012 से दिसंबर, 2017 तक क्वेटा में आतंकवाद की विभिन्न घटनाओं में हजारा समुदाय के 509 सदस्य मारे गए और 627 घायल हुए.