पकड़ा गया ISIS आतंकी शिफा अल-निमा, इतना भारी कि ट्रक में डालकर ले जाना पड़ा जेल

शिफा अल निमा का काम अपने भाषण के जरिए आतंकियों को मानसिक रूप से तैयार करना, यानी ब्रेन वॉश करके दिमाग में जहर घोलना था. वह अपने भाषणों में हिंसा और महिलाओं के साथ बलात्कार को सही ठहराता था.

दुनिया भर में अपनी क्रूरता के लिए कुख्यात आतंकी संगठन ISIS की हालत दिन-ब-दिन खराब होती जा रही है. इराक के मोसुल शहर में इस संगठन का एक बड़ा आतंकी गिरफ्तार किया गया है. सिर्फ पद में ही नहीं, साइज में भी बड़ा है ये आतंकी. शिफा अल निमा (Shifa al-Nima) नाम का यह आतंकी शुरू से ही ISIS से जुड़ा हुआ था.

शिफा अल निमा का काम अपने भाषण के जरिए आतंकियों को मानसिक रूप से तैयार करना, यानी ब्रेन वॉश करके दिमाग में जहर घोलना था. वह अपने भाषणों में हिंसा और महिलाओं के साथ बलात्कार को सही ठहराता था. ISIS के लोग उसे जब्बा द जेहादी कहते थे. जब उसे गिरफ्तार किया गया तो उसका वजन 135 किलो से ज्यादा था. वह बिस्तर से नहीं उठ पा रहा था, नतीजतन उसे ट्रक में डालकर जेल ले जाया गया.

इराक और इजराइल के मीडिया में शिफा अल निमा के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई है. बताया गया है कि वह अपने भाषणों के जरिए ISIS के हर गलत काम को सही ठहराता था. मोसुल में यह छापेमारी इराक की SWAT टीम ने की थी. टीम ने उसे पकड़कर कार में ले जाना चाहा लेकिन सफल नहीं हुए. आखिर ट्रक में उसे भर कर ले जाना पड़ा.

ISIS terrorist shifa al nima arrested, पकड़ा गया ISIS आतंकी शिफा अल-निमा, इतना भारी कि ट्रक में डालकर ले जाना पड़ा जेल

शिफा अल निमा के बारे में रिसर्च कर चुके ब्रिटिश एक्टिविस्ट माजिद नवाज के मुताबिक वह ISIS का बड़ा लीडर रहा है. उसके फतवों के बाद आतंकवादी बिना किसी डर के कत्लेआम मचाते थे. बगदादी की मौत के बाद कहा जा रहा था कि ये आतंकी संगठन फिर सिर उठा सकता है जिसमें शिफा अल निमा की बड़ी भूमिका हो सकती है, लेकिन अब इसके पकड़े जाने से संगठन को झटका लगा है.

ये भी पढ़ेंः

ईसाई महिला की फांसी रद्द होने पर काटा था बवाल, कट्टरपंथी पार्टी के सदस्यों को 55 साल की सजा

‘जुबान संभालकर बात करनी चाहिए’, डोनाल्ड ट्रंप की ईरान के सुप्रीम लीडर को धमकी